Heroic Indian Pilot: फ्लाईदुबई के विमान FZ1073 में को-पायलट के कुल्हाड़ी से किए हमले के बावजूद भारतीय पायलट स्मित मछार ने 174 यात्रियों की जान बचाई. दुबई क्राउन प्रिंस शेख हमदान और पीएम मोदी ने उनकी बहादुरी की जमकर सराहना की.

Heroic Indian Pilot: आसमान में हजारों फीट की ऊंचाई पर मौत से बाजी जीतने वाले भारतीय पायलट स्मित मछार की बहादुरी की चर्चा पूरी दुनिया में हो रही है. शनिवार को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के उप प्रधानमंत्री और दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद अल मकतूम ने अबू धाबी में उनसे मुलाकात की. शेख हमदान ने स्मित मछार की हिम्मत और सूझबूझ की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि संयुक्त अरब अमीरात को स्मित की जांबाजी पर गर्व है. क्राउन प्रिंस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा कि स्मित ने इंसानी जिंदगी को बचाने की एक बहुत बड़ी मिसाल कायम की है.
30 सेकंड में 14 हजार फीट नीचे गिरा विमान और कॉकपिट में कुल्हाड़ी से हमला
यह खौफनाक घटना 30 तारीख को फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में घटी थी. विमान दुबई से इस्राइल के तेल अवीव की तरफ जा रहा था और उसमें 174 यात्री मौजूद थे. अचानक ओमान के रहने वाले को-पायलट ने कॉकपिट में मौजूद स्मित मछार पर क्रैश एक्स यानी कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला बोल दिया. वह विमान को अपने कब्जे में लेना चाहता था. स्मित गंभीर रूप से घायल हो गए थे. इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी. उन्होंने किसी तरह कॉकपिट का दरवाजा खोलकर मदद मांगी. यात्रियों और क्रू मेंबर्स ने तुरंत आकर उस सिरफिरे को-पायलट को दबोच लिया.
सऊदी अरब में इमरजेंसी लैंडिंग और UAE के हवाले हुआ हमलावर
हमलावर को काबू में करने के बाद रिजर्व क्रू ने तुरंत विमान की कमान संभाली. इसके बाद विमान की सऊदी अरब के तबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई. फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक सऊदी अरब के आसमान में यह प्लेन महज 30 सेकंड के अंदर 14 हजार फीट से भी ज्यादा तेजी से नीचे गिरा था. शुरुआती जांच के बाद सऊदी अरब के अधिकारियों ने उस हमलावर को-पायलट को यूएई सरकार के सुपुर्द कर दिया. यूएई प्रशासन ने इस घटना को एक बड़ा आतंकी हमला करार दिया है. फिलहाल घायल पायलट स्मित मछार का अस्पताल में इलाज जारी है.
कट्टरपंथी सोच वाले को-पायलट की नौकरी पर उठे बड़े सवाल
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक हमलावर की पहचान ओमान के नागरिक हमाम अल-हमामी के तौर पर हुई है. खबर सामने आई है कि ओमान ने उसके कट्टरपंथी विचारों को देखते हुए पहले ही उसके विमान उड़ाने पर बैन लगा दिया था. इसके बाद भी उसे फ्लाईदुबई एयरलाइंस में नौकरी मिल गई. अब इस बात की जांच की जा रही है कि क्या फ्लाईदुबई को उसके पुराने रिकॉर्ड की जानकारी थी या नहीं. क्या नौकरी देने से पहले उसका बैकग्राउंड चेक ठीक से किया गया था. इन सभी सवालों को लेकर जांच एजेंसियां बारीकी से पड़ताल कर रही हैं.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की बात, स्मित मछार ने बताया अपना आदर्श
इससे पहले शुक्रवार को भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्मित मछार से वीडियो कॉल के जरिए बात की थी. पीएम मोदी ने संकट के समय में इतनी तेजी से सही फैसला लेने के लिए पायलट की बहादुरी को सराहा. उन्होंने कहा कि स्मित की इस हिम्मत पर पूरे भारत देश को नाज है. पीएम से बात करते हुए स्मित मछार काफी भावुक नजर आए. उन्होंने कहा कि वे पीएम मोदी को अपना सबसे बड़ा आदर्श मानते हैं. स्मित ने यह भी बताया कि जब उन पर हमला हुआ, तो उन्होंने मन ही मन हनुमान चालीसा का पाठ करना शुरू कर दिया था.
दुनिया भर में हो रही है भारतीय पायलट के हौसले की तारीफ
स्मित मछार की सूझबूझ से आज 174 यात्रियों का जीवन सुरक्षित बच पाया है. अगर स्मित ने अपनी जान की परवाह किए बिना कॉकपिट का दरवाजा न खोला होता, तो बहुत बड़ा हादसा हो सकता था. यही वजह है कि भारत से लेकर यूएई तक हर कोई स्मित की तारीफ में कसीदे पढ़ रहा है. यूएई सरकार ने कहा है कि उनका देश हमेशा शांति और इंसानी जान की कद्र करने वाले हीरोज का सम्मान करता है. फिलहाल स्मित मछार तेजी से ठीक हो रहे हैं और जल्द ही अपने वतन लौटेंगे.
