tvk vijay cm oath ceremony postponed: तमिलनाडु में विजय का शपथ ग्रहण समारोह अधर में लटक गया है क्योंकि राज्यपाल को अभी तक VCK और IUML के समर्थन पत्र प्राप्त नहीं हुए हैं. VCK ने डिप्टी सीएम पद की मांग रखी है, जिससे 117 के बहुमत के आंकड़े को लेकर सस्पेंस गहरा गया है.

tvk vijay cm oath ceremony postponed: तमिलनाडु की राजनीति में नया सस्पेंस बन गया है. टीवीके प्रमुख विजय को शनिवार सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री पद की शपथ लेनी थी. लेकिन अब शपथ ग्रहण को लेकर स्थिति साफ नहीं है. राज्यपाल की तरफ से अभी तक कोई फाइनल समय और तारीख घोषित नहीं की गई है. कारण यह है कि दो पार्टियों के समर्थन पत्र अभी तक पूरे नहीं मिले हैं. इस वजह से पूरा राजनीतिक माहौल बदल गया है.
सूत्रों के अनुसार VCK और IUML का समर्थन पत्र राज्यपाल को नहीं पहुंचा है. बताया जा रहा है कि VCK ने समर्थन के बदले डिप्टी सीएम पद की मांग रखी है. वहीं IUML ने साफ कहा है कि वह एमके स्टालिन के साथ है. इस बयान के बाद राजनीतिक समीकरण और उलझ गए हैं. सरकार गठन को लेकर अब सवाल खड़े हो रहे हैं.
विजय ने राज्यपाल को कुल 116 विधायकों के समर्थन वाला पत्र सौंपा था. उन्होंने कहा था कि बाकी विधायकों के साइन जल्द मिल जाएंगे. इसी वजह से राज्यपाल भवन ने फिलहाल स्थिति को रोक दिया है. जब तक पूरे समर्थन पत्र नहीं आ जाते तब तक शपथ ग्रहण की घोषणा नहीं होगी. इसमें TVK के 107 विधायक शामिल बताए जा रहे हैं. कांग्रेस के 5 और CPI CPI(M) के 4 विधायक भी समर्थन में हैं.
इससे पहले शुक्रवार को राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने विजय को सरकार बनाने का न्योता दिया था. राजभवन में दोनों की मुलाकात हुई थी. उस समय विजय ने मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी स्वीकार कर ली थी. चर्चा थी कि शपथ ग्रहण में राहुल गांधी भी शामिल हो सकते हैं. लेकिन अब मौजूदा स्थिति ने पूरे कार्यक्रम पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
विजय की पार्टी TVK ने हाल के चुनाव में 108 सीटें जीती थीं. सरकार बनाने के लिए 117 सीटों का बहुमत जरूरी है. पार्टी को कुछ अन्य दलों का समर्थन भी मिला है. लेकिन अब भी पूरी संख्या को लेकर असमंजस बना हुआ है. राजनीतिक विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले समय में स्थिति और साफ होगी. साथ ही विजय के सामने सबसे बड़ी चुनौती वादों को पूरा करने की होगी. रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य सुधार जैसे मुद्दों पर जनता की उम्मीदें काफी बढ़ी हुई हैं.
