Ayodhya News: रामलला पर हुए आत्मघाती (फिदायीन) हमले की आज 21वीं बरसी है. आज ही के दिन 5 जुलाई 2005 को अयोध्या के राम जन्मभूमि परिसर में लश्कर-ए-तैयबा के छह आतंकियों ने एक बड़ा हमला किया था.
बैरिकेडिंग तोड़ते हुए अंदर घुस गए थे आतंकी
आतंकवादी विस्फोटकों से भरी जीप लेकर बैरिकेडिंग तोड़ते हुए अंदर घुस गए थे और उनका मकसद अस्थायी राम मंदिर को उड़ाना था. हालांकि, सुरक्षा बलों (CRPF) ने त्वरित और जांबाज कार्रवाई करते हुए सभी 6 आतंकियों को मौके पर ही मार गिराया था.
सुरक्षा बलों की कार्रवाई
लश्कर-ए-तैयबा (LeT) और जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े 5 भारी हथियारों से लैस आतंकवादियों ने तीर्थयात्रियों के भेष में आकर परिसर को निशाना बनाया था. केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) और स्थानीय पुलिस ने त्वरित जवाबी कार्रवाई करते हुए लगभग एक घंटे चली मुठभेड़ में सभी 5 आतंकवादियों को ढेर कर दिया था.
दो स्थानीय नागरिकों की हुई थी मौत
इस भीषण मुठभेड़ में दो स्थानीय नागरिकों की भी जान चली गई थी और सात जवान घायल हुए थे. इस मामले में जून 2019 में प्रयागराज की विशेष अदालत ने अपना फैसला सुनाते हुए मुख्य साजिशकर्ता चार आतंकियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी, जबकि एक को बरी कर दिया था.
