भागलपुर में कोचिंग जा रही 10वीं की छात्रा को दारोगा के बेटे ने हथियार का डर दिखाकर किडनैप कर लिया. पुलिस की दबिश के बाद आरोपी उसे घर के पास छोड़ गया. आरोप है कि इस दौरान आरोपी ने दुष्कर्म करने की भी कोशिश की.
बिहार में भागलपुर जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. जिले के सुलतानगंज के स्टेशन रोड पर बुधवार दोपहर लगभग 3:30 बजे एक वारदात हुई. यहां कोचिंग सेंटर पढ़ने जा रही 10वीं की छात्रा को हथियार का डर दिखाकर बाइक सवार युवक ने जबरदस्ती किडनैप कर लिया. बताया जा रहा है कि पुलिस की दबिश के बाद आरोपी छात्रा को उसके घर से लगभग 200 मीटर पहले छोड़कर फरार हो गया.
हथियार दिखाकर बाइक पर बैठाया
पीड़ित छात्रा ने पड़ोसी दरोगा के बेटे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है. छात्रा के मुताबिक जब वह ट्यूशन पढ़ने जा रही थी, तो इसी दौरान आरोपी कमलेश ने हथियार दिखाकर उसे बाइक पर बिठाया और अपने साथ कटहरा ले गया. वहां उसने एक कमरे में ले जाकर दुष्कर्म की कोशिश की. छात्रा ने बताया कि विरोध करने पर उसके साथ मारपीट कर उसे बेहोश कर दिया.
आरोपी के बड़े भाई ने दी धमकी
बताया जा रहा है कि जब छात्रा को होश आया तो वह मुरारका कॉलेज के पास मौजूद रेल फाटक के पास पड़ी थी. घटना के बाद पीड़िता किसी तरह अपने घर पर पहुंची और परिजनों को पूरी घटना की जानकारी दी. घटना के बाद जब परिजन और स्थानीय लोग आरोपी के घर पहुंचे तो आरोपी का बड़ा भाई दुर्गेश अपनी छत से हथियार दिखाकर उन्हें धमकी देने लगा. इसके बाद लोगों ने डायल-112 की पुलिस टीम को बुलाया. टीम मौके पर पहुंची और दोनों भाइयों को हिरासत में ले लिया.
दरोगा पिता ने किया फोन कॉल
पुलिस कार्रवाई के दौरान सामने आया कि दोनों आरोपियों के पिता उदय यादव समस्तीपुर में दरोगा के पद पर तैनात हैं. बताया जा रहा है कि दरोगा और आरोपी मूल रूप से कटहरा के रहने वाले हैं. कुछ साल पहले उन्होंने सुलतानगंज में मकान बनाया था, अब वहीं पर उनका परिवार रहता है. दोनों बेटों को हिरासत में लिए जाने की सूचना मिलने पर दरोगा उदय यादव ने पुलिस को फोन भी किया.
पुलिस ने कार्रवाई की कही बात
मामले में जानकारी देते हुए थानाध्यक्ष धनंजय कुमार ने बताया कि हिरासत में लिए गए आरोपी से पूछताछ की जा रही है. वहीं लॉ एंड ऑर्डर सदर डीएसपी नवनीत कुमार ने कहा कि मामले में रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी. यह भी सामने आया है कि 2 साल पहले आरोपी कमलेश का अपराधियों ने गला रेतकर घर के आगे फेंक दिया था. इलाज के बाद उसकी जान बची थी साथ ही उसके बड़े भाई दुर्गेश पर भी आपराधिक मामले दर्ज हैं.
