Delhi Crime: 30 दिसंबर की रात दिल्ली के शास्त्री पार्क ईलाके में एक गैंगवार हुई इसमें दिल्ली के गैंगस्टर छेनू पहलवान गैंग के सदस्य जिसका नाम वसीम था उसकी चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई जिसके बाद सोशल मीडिया पर इस हत्याकांड की जिम्मेदारी गैंगस्टर लॉरेंस बिस्नोई गैंग ने ली, जिसके बाद दिल्ली के अपराध की दुनिया में सनसननी मची हुई है, सवाल उठ रहा है की आखिर छेनू पहलवान के गुर्गे वसीम की हत्या हाशिम बाबा ने क्यों करवा दी, वसीम हाशिम बाबा को क्यों देता वीडियो बनाकर गाली? तिहाड़ जेल में बंद हाशिम बाबा ने कैसे गाली का बदला चाकू से लिया और एक ईशारे में हो गई वसीम की हत्या, लॉरेंस का खास कहा जाने वाला हाशिम बाबा तिहाड़ जेल से कैसे करता है वारदात, आखिर नए साल के पहले दिन दिल्ली में गैंगवार की खबर क्या कहती है क्या हाशिम बाबा और छेनू पहलवान में होने वाली है गैंगवार?
दिल्ली में छोटे मोटे कुल मिलाकर है दर्जनों आपराधिक गैंग
वैसे तो दिल्ली में एक से बढकर एक गैंगस्टर है, लेकिन कुछ गिने चुने गैंगस्टर ऐसे है जिनका सिक्का तिहाड़ जैसे जेल में रहने के बाद भी चलता है, जैसे छेनू पहलवान, अब्दुल नासिर गैंगस्टर हाशिम बाबा नीरज बवाना, नवीन बाली, राहुल काला, ना जाने और कितने गैंगस्टर है जो आए दिन किसी न किसी वजह से सुर्खियों में रहते है, लेकिन आज बात होगी दिल्ली के एक ऐसे गैंगस्टर की जो एक बार फिर से चर्चा में आ गया नाम है हाशिम बाबा, जिसे लॉरेंस का दिल्ली का कमांडर कहा जाता है, लॉरेंस बेशक गुजरात की जेल में है लेकिन उसके साबरमती जेल में रहने के बाद हाशिम तिहाड़ से दिल्ली चला रहा है, यानि की दिल्ली में कोई भी वारदात करनी हो तो हाशिम हमेशा एक्टिव रहता है,
हाशिम बाबा और छेनू पहलवान गैंग में चलती है वर्चस्व की लड़ाई
पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या हो या दिल्ली के ग्रेटर कैलाश के नादिर शाह की हत्या, हाशिम बाबा का नाम हमेशा हर मामले में सामने आता रहा है, लेकिन जब बात हाशिम बाबा और छेनू पहलवान की होती है तो वो खूनी खेल याद आ जाते है जो पूर्वी दिल्ली में किसी जमाने में ये गैंगस्टर खेलते थे, हाशिम और छेनू दोनों इस वक्त जेल में बंद है, एक तिहाड़ में और दूसरा मंडोली में लेकिन दोनों के बीच वर्चस्व की लड़ाई चलती रहती है.
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दिल्ली के शास्त्री पार्क वारदात के बाद गैंगवार की आशंका
दरसल दिल्ली के शाश्त्री पार्क ईलाके में एक 24 साल के लड़के की हत्या हुई पुलिस ने 2 आरोपियों को पकड़ा लेकिन थोडी देर सोशल मीडिया पर लॉरेंस गैंग ने जिम्मेदारी ली, जिसके बाद ये मामला और भी जादा पेचिदा हो गया पुलिस का कहना है की ये हत्या आपसी विवाद में हुई है, जबकी वायरल पोस्ट में लॉरेंस गैंग जिम्मेदारी ले रहा है, जिसके बाद इस मामले में नया मोड़ सामने आ चुका है, सोशल मीडिया पर सामने आई लॉरेंस बिश्नोई गैंग की पोस्ट जिसमें हत्या के जिम्मेदारी ली गई है उसमें कहा गया है वसीम की हत्या की साजिश लंबे वक्त से हम रच रहे थे, और उस पर पहले भी कई बार हमला हमने करवाया लेकिन हर बार वह बच गया.
लॉरेंस गैंग के जिम्मेदारी वाले पोस्ट की दिल्ली पुलिस कर रही है जांच
बिश्नोई गैगं के इस दावे के सामने आने के बाद दिल्ली पुलिस ने पोस्ट की सत्यता और इसके पीछे की भूमिका की पूरी जांच पड़ताल करनी शुरू कर दी है, इस मामले में पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह पोस्ट वास्तविक है या फिर झूठी इसकी पुष्टि के लिए तकनीकी और खुफिया जांच की जा रही है, मारा गया वसीम गैंगस्टर छेनू पहलवान का करीबी बताया जा रहा है मंडोली जेल में बंद रहने के दौरान उसकी हाशिम बाबा गैंग से विवाद की शुरुआत हुई थी इसी दौरान हाशिम बाबा के करीबी समीर बाबा से वसीम की कहा सुनी हुई थी, जिसके बाद उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई, वसीम जेल से बाहर आया तो उसने सोशल मीडिया पर अपनी सक्रियता बढ़ा दी और हाशिम बाबा के खिलाफ लगातार वीडियो बनाकर उसे गालियां देने लगा, साथ ही हर वीडियो में गैंगस्टर छेनू का समर्थन करता था.
गाली देने का वीडियों वायरल हुआ तो वसीम आया हाशिम के रडार पर
हासिम बाबा को लगातार तथाकथित रुप से गाली देना वसीम को भारी पड़ गया वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ जिसके बाद वसीम को लगातार धमकियां मिलने लगी, वसीम को इससे पहले 12 जून को दिल्ली के वेलकम इलाके के शैतान चौक पर बातचीत के बहाने बुलाकर उस पर और उसके दोस्त आसिफ पर ताबड़तोड़ गोलियां भी चलाई गई थी, इस हमले में दोनों गंभीर रूप से घायल हुए थे जबकि पास में मौजूद दो बुजुर्ग भी गोली लगने से जख्मी हुए थे, कई गोलियां लगने के बावजूद वसीम की जान उस वक्त बच गई थी और उसका जीटीवी अस्पताल में लंबे वक्त तक इलाज भी चला था हालांकि वसीम की पत्नी ने पुलिस की सुरक्षा की मांग की थी.
जुलाई के महिने में जीटीबी अस्पताल में मारने पहुंचे थे हाशिम के शूटर
हाशिम बाबा गैंग ने 14 जुलाई 2025 को वसीम को मारने की चौथी कोशिश उस वक़्त की थी जब तीन बदमाश दिल्ली के जीटीवी अस्पताल के वार्ड में घुसे और बदमाशों ने वसीम समझकर एक 32 साल के रियाजुद्दीन पर गोलियां चला दी जिससे रियाजुद्दीन मारा गया, इस वारदात के बाद वसीम की पत्नी आफरीन ने पुलिस से सुरक्षा मांग की थी इलाज के बाद वसीम की हालत में सुधार हुआ और अस्पताल से बाहर आया, सोशल मीडिया पोस्ट में लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से वसीम को निशाना बनाने और दुश्मनों को चेतावनी देने की बातें कही गई है, हालांकि पुलिस ने इस पोस्ट को अंतिम सच मानने से पहले सभी पहलुओं की जांच करने का फैसला किया है.
दिल्ली पुलिस इस हत्याकांड को गैंगवार से जोड़कर देख रही है
दिल्ली पुलिस फिलहाल इस हत्या के मामले को गैंगवार से जोड़कर देख रही है सोशल मीडिया पोस्ट, फोरेंसिक जांच, कॉल डिटेल अपराधिक नेटवर्क के पूरे लिंक खंगाले जा रहे हैं पुलिस का कहना है की जांच पूरी होने के बाद ही कुछ कहना साफ होगा इस हत्या के पीछे कौन-कौन शामिल हैं, लॉरेंस के पोस्ट में ये भी लिखा गया है की हाशिम पर लगातार वीडियो डालने वाले वसीम की आवाज को हमने हमेशा के लिए बंद कर दिया, उसे भ्रम हो गया था कि हम उसे भूल गए हैं लेकिन हमारे दुश्मन यह बात अपने जहन में हमेशा रखा करें कि हम उन्हें कभी नहीं भूलते लॉरेंस गैंग का दावा है कि अगर वह किसी के पीछे पड़ जाता है तो तब तक नहीं रुकता जब तक उसका अंत न हो जाए इस पोस्ट में यह भी कहा गया है कि वसीम की हत्या एक उदाहरण नहीं बल्कि शुरुआत है और अब अपने दुश्मनों का एक-एक करके नंबर लगाने वाले हैं, सभी को इसी तरह से मौत की सजा दी जाएगी जिससे उनकी आने वाली पीढ़ियां भी याद रखेंगी, फिलहाल दिल्ली पुलिस गैंगवार के एंगल से जाँच कर रही है.
