शनिवार के दिन में Cell Broadcast System का बड़े पैमाने पर टेस्ट किया गया. संभावना जताई जा रही हैं कि आने वाले समय में इस सर्विस को बड़ी आपदा आने के समय में प्रयोग किया जाएगा. जापान में जिस तरह किसी बड़ी आपदा जैसे भूकंप, बाढ़, सुनामी या साइकलोन के समय में अलर्ट जारी किया जाता है. वैसे ही भारत में भी सरकार ऐसी सर्विस को नियमित रूप से इस्तेमाल में लाने के लिए टेस्ट कर रही है.
क्या है इसकी खासियत
इसकी खास बात यह हैं कि यह सिस्टम कमजोर नेटवर्क में भी अच्छे से काम कर सकता है. बता दें कि यह SMS नहीं बल्कि टावर से एक पूरे इलाके में ब्रॉडकास्ट किया जाने वाला मैसेज होगा. इसके लिए आपको इंटरनेट की या एप की जरूरत नहीं होगी. साथ ही SMS की तरह यह काम नहीं करता. यह सीधे टावर से आने वाला मैसेज है. आने वाले समय में सिस्टम की एक बात लोगों को हैरान कर सकती है. अगर आपके फोन में सिम नहीं है फिर भी इमरजेंसी अलर्ट स्क्रीन पर दिखाई दे जाएगा. हालांकि, इस सिस्टम के फेल होने के भी चांसेस है.
कब फेल होगा यह सिस्टम
फोन में No Service के समय यह काम नहीं करेगा. ऐसा इसलिए क्योंकि टावर को कोई सिग्नल नहीं मिल रहा है.
जिन इलाकों में नेटवर्क नहीं है, वहां पर यह काम नहीं करेगा.
फोन स्विच ऑफ के समय में.
फोन की बैटरी पूरी तरीके से खत्म
एयरप्लेन मोड में भी यह सिस्टम काम नहीं करेगा. ऐसा इसलिए क्योंकि वह नेटवर्क से खत्म हो जाता है.
पुराने या ऐसे स्मार्टफोन, जिनमें सिक्योंरिटी सिस्टम है. उसमें भी यह फीचर सपोर्ट नहीं करेगा.
इमरजेंसी अलर्ट को disable करने पर सिस्टम फेल
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