देश में पेट्रोल और डीजल की कीमतों को लेकर अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार को घेरा है. उन्होंने कहा कि इंटरनेशनल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतें कम हैं, तो देश में भी कीमत कम होनी चाहिए.

केजरीवाल ने केंद्र को घेरा
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को पेट्रोल और डीजल के दानों को लेकर केंद्र सरकार को घेरा है. उन्होंने इस दौरान कहा कि पेट्रोल की कीमतें भी गिरनी चाहिए थीं क्योंकि ग्लोबल क्रूड ऑयल की कीमतों में कमी हुई है. उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 115 डॉलर से घटकर 70 डॉलर प्रति बैरल हो गई है.
82 रुपए होना चाहिए कीमत
उन्होंने कहा कि हमारे देश में भी तेल की कीमत कम होनी चाहिए. उन्होंने इस दौरान कहा कि हमारी कैल्कुलेशन के हिसाब से 82 रुपए लीटर इसकी कीमत होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि अगर इसे E20 कर दिया जाए, तो इसकी कीमत 70 रुपए होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि इसी तरह डीजल भी कम होना चाहिए. अरविंद केजरावाल ने कहा कि अगर यह कम होता है, तो महंगाई कम हो जाएगी.
इन लोगों ने प्राइस कम नहीं किए- केजरीवाल
केजरीवाल ने कहा कि जब भी कच्चे तेल की कीमत कम थी, तो इन लोगों ने तेल के पैसे कम नहीं किए. उन्होंने सवाल उठाया कि युद्ध के समय जो नुकसान हुआ तो बम्पर प्रॉफिट से उसे सेट ऑफ नहीं कर सकते हैं? उन्होंने कहा कि अभी हम लोगों से 102 रुपए चार्ज किए जा रहे हैं, उसे कम करें. अरविंद केजरीवाल ने इस दौरान केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा है.
29 कंपनियों को लिखा पत्र
आपको बता दें कि बुधवार को केजरीवाल ने 29 वाहन निर्माता कंपनियों को पत्र लिखा है. उन्होंने इस दौरान गाड़ी के माइलेज और इंजन सेफ्टी पर E20 इथेनॉल-ब्लेंडेड फ्यूल के असर पर सफाई मांगी है. केजरीवाल ने कंपनियों से 7 दिन के अंदर जवाब देने के लिए कहा है. वहीं केजरीवाल ने मारुति सुजुकी, टोयोटा किर्लोस्कर और हीरो मोटोकॉर्प को अलग से पत्र लिखा है.
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