Haridwar News: उत्तराखंड के हरिद्वार में वर्ष 2027 में होने वाले अर्ध कुंभ मेले को लेकर रेल प्रशासन तैयारियां शुरू कर दी हैं. इसी क्रम में मुरादाबाद मंडल की मंडल रेल प्रबंधक विनीता श्रीवास्तव ने सोमवार को हरिद्वार रेलवे स्टेशन पहुंचीं और स्टेशन परिसर से लेकर हरकी पैड़ी की ओर जाने वाले रेल रास्तों का पूरा परीक्षण निरीक्षण किया.
यात्री सुविधाओं का बारीकी से जायजा
जांच के दौरान निरीक्षण के दौरान डीआरएम विनीता श्रीवास्तव ने हरिद्वार रेलवे स्टेशन पर यात्री सुविधाओं का बारीकी से जायजा लिया. उन्होंने प्लेटफॉर्म की स्थिति, साफ-सफाई व्यवस्था, पानी, शौचालय की समीक्षा की. डीआरएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अर्ध कुंभ जैसे बड़े धार्मिक आयोजन को देखते हुए यात्रियों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए और सभी सुविधाएं उच्च स्तर की हों.
अर्ध कुंभ के लिए 460 करोड़ के बजट से चमकेंगे हरिद्वार के रेलवे स्टेशन
डीआरएम विनीता श्रीवास्तव ने हरिद्वार रेलवे स्टेशन पहुंचकर स्थलीय निरीक्षण किया और रेलवे अधिकारियों के साथ बैठक भी की. मुरादाबाद मंडल रेल प्रबंधक विनीता श्रीवास्तव ने बताया कि 460 करोड़ रुपये की लागत से हरिद्वार रेलवे स्टेशन पुनर्विकसित होगा. इसके साथ ही रेलवे यार्ड का नवीनीकरण किया जाएगा. वहीं रेलवे स्टेशन के आवाजाही क्षेत्रों में कुंभ मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए, स्थाई और अस्थाई व्यवस्थाएं की जाएंगी.
हरिद्वार रेलवे स्टेशन का आधुनिकीकरण
इस बार अर्ध कुंभ के दौरान लाखों श्रद्धालुओं के हरिद्वार पहुंचने की संभावना को देखते हुए भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी विशेष ध्यान दिया गया. डीआरएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्लेटफॉर्म, प्रवेश-निकास मार्गों और संवेदनशील स्थानों पर बेहतर भीड़ नियंत्रण की योजना तैयार की जाए. साथ ही, सीसीटीवी, आरपीएफ और जीआरपी की तैनाती को और मजबूत करने पर भी जोर दिया गया.
रेलवे की अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत हरिद्वार रेलवे स्टेशन का आधुनिकीकरण होगा. स्वच्छ और आधुनिक वेटिंग रूम, बेहतर लाइटिंग, डिजिटल साइनेज, खान-पान के स्टॉल, बेहतर कनेक्टिविटी और रेलवे यार्ड का नवीनीकरण शामिल है.
हरकी पैड़ी मार्ग का निरीक्षण
हरकी पैड़ी की ओर जाने वाले रेलवे ट्रैक और रास्ते का भी निरीक्षण किया. इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि भविष्य में श्रद्धालुओं की भारी आवागमन को सुरक्षित और सुचारू रूप से संभाला जा सके. उन्होंने कहना है कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पहले से ठोस कार्ययोजना तैयार होनी चाहिए.
सभी कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे करने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सभी कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं. बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, पटरियों की सुरक्षा, सिग्नल प्रणाली और यात्री सुविधाओं में सुधार को प्राथमिकता देने के आदेश दिए गए. डीआरएम ने साफ शब्दों में कहा कि लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
