वॉर के कारण देश में बढ़ रहे संकट को लेकर केंद्र सरकार द्वारा तीन सदस्यीय मंत्री समूह को बनाया है. हालातों पर नजर रखने और वॉर के पड़ने वाले प्रभावों से निपटने के लिए यह समूह बनाई गई है. बता दें इस बैठक की अध्यक्षता गृह मंत्री अमित शाह द्वारा किया जाएगा.
सरकार का कहना हैं कि किसी को भी डरने या टेंशन लेने की जरूरत नहीं है. सरकार की तरफ से सभी तैयारी की जा चुकी है.
तेल कंपनियों से पर्याप्त भंडारण
बता दें कि कई इलाकों में एलपीजी सिलेंडर की कमी आ रही है, जिसके कारण लोग काफी परेशान होते दिखाई दें रहे हैं. हालांकि, सरकार ने घरेलू उपभोक्ताओं प्राथमिकता को दी है. उन्होंने उनके लिए किसी भी प्रकार की असुविधा न हो उसके लिए पहले ही कई तैयारियां कर ली है. तेल कंपनियों से लेकर वितरण व्यवस्था सभी को सुचारू रूप से काम करने के सख्त निर्देश दिए गए है. तेल कंपनियों से पर्याप्त भंडारण के निर्देश दिए गए है.
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मंत्री संग बैठक
बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस. जयशंकर और मंत्री हरदीप सिंह पुरी शामिल है. पेट्रोलियम मंत्रालय को वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति पर पड़ने वाले सारे असरों का विश्लेषण करने के निर्देश दिए गए है. वहीं, विदेश मंत्रालय अन्य देशों से बातचीत कर सभी हालतों का विश्लेषण करेंगे. साथ ही LPG की कमी होने वाली संभावनाओं पर भी नजर रखा जाएगा. ताकि कमी होने पर जल्द से जल्द आपूर्ति का जा सके.
भारतीय जहाजों को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने की इजाजत
वहीं, विदेश मंत्री एस जयशंकर द्वारा ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से फोन पर बात की गई है, जिसके बाद भारत की अभी की स्थिति को देखते हुए राहत वाली खबर है. दरअसल, बातचीत के बाद ईरान ने भारतीय जहाजों को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने की इजाजत दे दी. एक जहाज बुधवार रात को वहां से गुजरेगा दूसरा गुरुवार सुबह के बीच में गुजरने वाला है.
वॉर के बाद से समुद्री जहाज के संचालन में रोक लग गई थी, जिसके कारण देश में तेल और LPG से संबधित दिक्कत आने की संभावना जताई जा रही है. ऐसे में इस खबर से लोगों को काफी राहत मिलते हुए दिखाई दे रही है.
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