बेंगलुरु पुलिस ने एक बड़े म्यूल अकाउंट रैकेट का पर्दाफाश किया है. पुलिस ने इस पूरे रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. ये सभी लोग आम नागरिकों के नाम पर नकली बैंक खाते खुलवाकर और सिम कार्ड लेकर ऑनलाइन धोखाधड़ी के लिए इस्तेमाल किया करते थे.
पुलिस ने 12 लोगों को किया गिरफ्तार
बेंगलुरु पुलिस ने म्यूल अकाउंट का पर्दाफाश करते हुए 12 लोगों को गिरफ्तार किया है. यह पूरा गैंग आम लोगों के नाम पर नकली बैंक अकाउंट खुलवाकर और सिम खरीदकर उन्हें ऑनलाइन धोखाधड़ी के लिए इस्तेमाल करता था. यह पूरा गैंग अवैध तरीके से सट्टेबाजी एप्स को भी चलाता था. यह गैंग आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को कमीशन देने का लालच देते थे और उनके नाम पर बैंक अकाउंट खुलवाते थे.
गरीब लोगों को देते थे कमीशन का लालच
यह पूरा गैंग ऑनलाइन धोखाधड़ी करके लोगों को लूटता था. गिरफ्तार किए गए आरोपी गरीब लोगों को कमीशन का लालच देकर बैंक अकाउंट को खुलवाते थे और उन्हीं लोगों के नाम पर सिम कार्ड भी लेते थे. इन सिम कार्ड और सभी खातों को विदेश में बैठे व्यक्ति को दे दिया जाता था. जिसके बाद इन सभी खातों और सिम का इस्तेमाल अवैध जुआ और साइबर फ्रॉड और डिजिटल लेन-देन के लिए किया जाता था.
दुबई तक जुड़े हैं गैंग के तार
इस पूरे मामले में गैंग के तार पुलिस की जांच में दुबई तक जुड़े होने की बात सामने आई है. इस गैंग का पर्दाफाश एक सूचना के बाद हुआ है. सबसे पहले पुलिस ने 2 लोगों को गिरफ्तार किया, जिसके बाद में पूछताछ में उन दोनों ने रैकेट से जुड़े होने की बात को मान लिया और दूसरे 10 लोगों के नाम को बताया. जिसके बाद पुलिस ने इन सभी लोगों को भी गिरफ्तार कर लिया.
1 करोड़ की प्रॉपर्टी के साथ कई चीजें जब्त
पुलिस ने इन लोगों के बताने पर कई जगहों पर छापेमारी की. पुलिस ने आगे की जांच के लिए दिल्ली के राजेंद्र नगर इलाके से 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया. इन सभी आरोपियों को कोर्ट की परमिशन के बाद में बेंगलुरु ले जाया गया है. पुलिस ने कई जगहों पर छापेमारी करने के बाद अब तक टोटल 242 डेबिट कार्ड, 58 मोबाइल, 7 लैपटॉप और लगभग 1 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी को कब्जे में लिया है.
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