उत्तर प्रदेश पुलिस में पदोन्नति का बड़ा फैसला सामने आया है. आईजी स्थापना, पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार प्रदेश भर में तैनात 121 उप निरीक्षकों (दरोगा) को प्रमोशन देकर निरीक्षक (इंस्पेक्टर) पद पर पदोन्नत किया गया है. वहीं 384 मुख्य आरक्षियों को उप निरीक्षक के पद पर पदोन्नति प्रदान की गई है.
उप्र पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा ज्येष्ठता के आधार पर वर्ष 2025 की रिक्तियों के सापेक्ष पदोन्नति के लिए उपयुक्त पाए गए कर्मियों के नाम डीजीपी मुख्यालय को मुहैया कराए गए थे, जिसके बाद डीआईजी स्थापना अखिलेश कुमार चौरसिया ने पदोन्नति का आदेश जारी कर दिया है. यह प्रमोशन उत्तर प्रदेश उप निरीक्षक एवं निरीक्षक (नागरिक पुलिस) सेवा नियमावली–2015 में निहित प्रावधानों के तहत किया गया है. जारी सूची में प्रमोशन पाने वाले अधिकारियों के नाम, पिता का नाम, जन्मतिथि, वर्तमान तैनाती और वर्ष 2025 का स्पष्ट उल्लेख किया गया है.
जल्दी ही जारी होंगे नई तैनाती के आदेश
जानकारी के अनुसार, प्रमोशन आदेश में यह भी साफ किया गया है कि सभी पदोन्नत अधिकारियों की नई तैनाती के आदेश अलग से जारी किए जाएंगे. फिलहाल प्रमोशन पाने वाले अधिकारी अपने-अपने जिलों में वर्तमान पद पर काम करते रहेंगे.
प्रदेश भर के जिलों से अधिकारी शामिल
जारी सूची में कानपुर नगर, प्रयागराज, लखनऊ, वाराणसी, आगरा, गाजियाबाद, बरेली, मेरठ, झांसी, बस्ती, बलिया, सीतापुर, मिर्जापुर, गोरखपुर, अयोध्या, अमेठी, श्रावस्ती सहित कई जिलों में तैनात दारोगाओं को प्रमोशन मिला है. यह सूची कुल तीन पृष्ठों में जारी की गई है, जिसमें क्रम संख्या 1 से 121 तक नाम दर्ज हैं.
कितनी होती यूपी पुलिस इंस्पेक्टर की सैलरी?
इंस्पेक्टर यूपी पुलिस में एक वरिष्ठ और जिम्मेदार पद माना जाता है. यह पे लेवल 7 में आता है. 7वें वेतन आयोग के अनुसार यूपी पुलिस इंस्पेक्टर की बेसिक सैलरी 44,900 रुपये से 1,42,400 रुपये तक हो सकती है. इसके अलावा मिलने वाले प्रमुख भत्तों में सरकारी आवास या HRA,महंगाई भत्ता (DA), परिवहन भत्ता, शहरी क्षतिपूर्ति भत्ता, सरकारी वाहन (ड्यूटी के लिए), स्वयं और परिवार के लिए मेडिकल सुविधा और सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन मिलती है. इन सभी भत्तों को मिलाकर एक इंस्पेक्टर की कुल मासिक सैलरी लगभग ₹80,000 से ₹1.5 लाख तक हो सकती है. यह तैनाती स्थान, अनुभव और भत्तों पर निर्भर करती है.
